छात्र आक्रोश, सत्ता की अग्निपरीक्षा और विपक्ष की उम्मीदें: आचार्य डॉ. चंडी प्रसाद घिल्डियाल ‘दैवज्ञ’ ने बताया क्या कहते हैं ग्रह-नक्षत्र

देहरादून / हरिद्वार। देशभर में पिछले दो महीनों से जारी छात्र आंदोलनों और तेजी से बदलते राजनीतिक घटनाक्रमों के बीच प्रसिद्ध ज्योतिषाचार्य डॉ. चंडी प्रसाद घिल्डियाल ‘दैवज्ञ’ का बड़ा विश्लेषण सामने आया है। लंबे समय से इस संवेदनशील मुद्दे पर उनके बयान का इंतजार किया जा रहा था। आचार्य दैवज्ञ के अनुसार, सड़कों पर दिख रहा यह जन-आक्रोश और राजनीतिक खींचतान सिर्फ संयोग नहीं, बल्कि वक्री शनि, अतिचारी गुरु तथा मंगल-राहु की युति का सीधा परिणाम है।

युवाओं का गुस्सा और ग्रहों का योग

आचार्य चंडी प्रसाद घिल्डियाल ने बताया कि ज्योतिष शास्त्र में मंगल को ऊर्जा, आक्रोश और आंदोलन का कारक माना जाता है, जबकि राहु किसी भी स्थिति में अचानक विस्फोट या तीव्रता लाता है।

पंचम भाव का प्रभाव: शिक्षा, छात्र वर्ग और नीतियों से संबंधित पंचम भाव पर क्रूर ग्रहों की दृष्टि पड़ी हुई है। इसी वजह से युवा परीक्षा प्रणालियों और व्यवस्था के खिलाफ सड़कों पर उतर रहे हैं। हालांकि, उन्होंने इसे केवल जागरूकता न मानकर अत्यधिक उत्साह का प्रदर्शन भी करार दिया।

कब शांत होंगे ये आंदोलन?

आंदोलन की समयसीमा पर स्थिति स्पष्ट करते हुए आचार्य दैवज्ञ ने कहा कि ग्रहों का यह उग्र प्रभाव सितंबर के मध्य तक बना रह सकता है। इसके बाद धीरे-धीरे सार्वजनिक प्रदर्शनों की तीव्रता कम होगी और प्रशासनिक व संस्थागत स्तर पर सुधारात्मक कदम देखने को मिलेंगे।

सत्ता पक्ष और विपक्ष पर ग्रहों का असर । पक्षग्रहों का प्रभाव एवं ज्योतिषीय आकलन

सत्ता पक्ष (सरकार)शनि और राहु के गोचर के कारण प्रशासनिक गलतियां और साख पर दबाव दिख रहा है। सरकार को बड़े नीतिगत बदलाव या फेरबदल करने पड़ रहे हैं। हालांकि, आचार्य का कहना है कि यह समय सत्ता के अंत का नहीं, बल्कि ‘अग्निपरीक्षा से गुजरकर कुंदन की तरह निखरने’ का है।

विपक्ष इस असंतोष को राजनीतिक हथियार बनाकर भुनाने की कोशिश कर रहा है, जिससे ध्रुवीकरण बढ़ा है। लेकिन ग्रहों की चाल बताती है कि विपक्ष को इससे उतने बड़े राजनीतिक लाभ की उम्मीद नहीं रखनी चाहिए जितना वह आंक रहा है।

सोशल मीडिया पर थमा चर्चाओं का दौर

अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी सटीक भविष्यवाणियों के लिए जाने जाने वाले आचार्य ‘दैवज्ञ’ के रुख का देश-विदेश में बेसब्री से इंतजार हो रहा था। इस बहुप्रतीक्षित ज्योतिषीय विश्लेषण के सामने आने के बाद अब सोशल मीडिया पर चल रही तमाम अटकलों पर विराम लग गया है।